संवाददाता अनु सैनी, नमस्कार भारत
मुज़फ्फरनगर। खण्ड शिक्षा क्षेत्र खतौली के परिषदीय विद्यालयों का आज खंड शिक्षा अधिकारी श्री पंकज अग्रवाल ने निरीक्षण किया। इस दौरान उन्होंने विद्यालयों में बच्चों की उपस्थिति, शिक्षकों की स्थिति, शिक्षण कार्य और मिड-डे मील व्यवस्था की विस्तृत जांच की।
घनश्यामपुरा और समोली विद्यालय
कंपोजिट विद्यालय घनश्यामपुरा में कुल 246 पंजीकृत बच्चों में से 220 उपस्थित मिले। यहां 8 अध्यापकों के सापेक्ष 7 अध्यापक उपस्थित थे जबकि एक अध्यापक प्रशिक्षण पर थे। चतुर्थ श्रेणी कर्मचारी और शिक्षा मित्र भी मौजूद रहे।
वहीं, प्राथमिक विद्यालय समोली में 104 पंजीकृत बच्चों में से 71 उपस्थित थे। यहां दो सहायक अध्यापक अवकाश पर पाए गए।
कैलाश नगर के विद्यालय
उच्च प्राथमिक विद्यालय कैलाश नगर में 31 बच्चों में से 27 उपस्थित थे और सभी अध्यापक मौजूद मिले।
प्राथमिक विद्यालय कैलाश नगर में 41 पंजीकृत बच्चों के सापेक्ष 38 उपस्थित रहे। इस विद्यालय में दो अध्यापिकाएं अवकाश पर और एक प्रशिक्षण में थीं जबकि शेष अध्यापक उपस्थित थे।
रतनपुरी और मुजाहिदपुर विद्यालय
प्राथमिक विद्यालय रतनपुरी में 121 में से 100 बच्चे उपस्थित रहे। यहां इंचार्ज अध्यापिका और एक सहायक अध्यापिका अवकाश पर थीं, जबकि बाकी शिक्षक मौजूद थे।
प्राथमिक विद्यालय मुजाहिदपुर में 66 में से 52 बच्चे उपस्थित थे और सभी अध्यापक मौजूद रहे। वहीं, उच्च प्राथमिक विद्यालय मुजाहिदपुर में 24 में से 20 बच्चे उपस्थित मिले और सभी अध्यापक हाजिर थे।
भूपखेड़ी विद्यालय
कंपोजिट विद्यालय भूपखेड़ी में 196 पंजीकृत बच्चों में से 182 उपस्थित रहे। यहां एक शिक्षक अवकाश पर और एक प्रशिक्षण में थे, जबकि शेष अध्यापक मौजूद रहे।
निरीक्षण के दौरान दिए गए निर्देश
निरीक्षण के दौरान मिड-डे मील में रोटी और दाल का वितरण सभी विद्यालयों में पाया गया। खंड शिक्षा अधिकारी ने सभी शिक्षकों को निर्देश दिया कि बच्चों का शैक्षिक स्तर सुधारने के लिए और अधिक प्रयास करें। उन्होंने कहा कि प्रतिदिन अभिभावकों से संपर्क कर शत-प्रतिशत उपस्थिति सुनिश्चित की जाए।
इसके अलावा शिक्षकों को संदर्शिका का नियमित प्रयोग करने, प्रत्येक कक्षा में समय सारिणी चस्पा करने और निपुण प्लस ऐप पर बच्चों का नियमित आकलन करने के निर्देश दिए गए। उन्होंने शिक्षक-अभिभावक बैठक नियमित रूप से करने और मेधावी बच्चों व उनके अभिभावकों को सम्मानित करने पर जोर दिया। साथ ही यह भी निर्देश दिया कि जिन बच्चों के आधार कार्ड अभी तक नहीं बने हैं, उन्हें तुरंत बनवाया जाए।
